आनन्द कुमार चौबे (संवाददाता)
सोनभद्र । घोरावल नगर के मेन तिराहा के पास शिवद्वार रोड पर रविवार देर शाम उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब मानसिक रूप से अस्वस्थ बताई जा रही एक महिला ने सड़क किनारे नवजात को जन्म दे दिया। प्रसव के दौरान नवजात सड़क पर गिर गया, जिससे उसके सिर में मामूली चोट आई। महिला और नवजात को तत्काल एंबुलेंस की मदद से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र घोरावल पहुंचाया गया।
बताया गया कि महिला अकेले सड़क से गुजर रही थी। इसी दौरान अचानक उसे प्रसव पीड़ा शुरू हो गई और उसने सड़क किनारे ही बच्चे को जन्म दे दिया। घटना की जानकारी मिलते ही मौके पर लोगों की भीड़ जुट गई। नगर निवासी अंकित अग्रहरि ने तत्काल एंबुलेंस को सूचना देकर जच्चा-बच्चा को अस्पताल पहुंचाने में मदद की।
अंकित और ईशांत ने दिखाई इंसानियत
घटना के बाद अंकित अग्रहरि और ईशांत अग्रहरि ने मानवीय संवेदना का परिचय देते हुए जच्चा-बच्चा के लिए कपड़े, दूध, फल और भोजन की व्यवस्था की। दोनों के इस प्रयास की स्थानीय लोगों ने सराहना की। लोगों का कहना था कि मुश्किल समय में उन्होंने आगे बढ़कर मदद की और मां-बच्चे की देखभाल में सहयोग किया।
महिला नहीं बता पा रही अपना स्पष्ट पता
स्थानीय लोगों के अनुसार महिला पिछले कुछ समय से नगर और आसपास के क्षेत्रों में घूमती हुई दिखाई दे रही थी। वह कुछ गांवों के नाम बता रही थी, लेकिन अपना स्पष्ट पता और पहचान बताने में असमर्थ है। महिला के परिजनों की जानकारी जुटाने का प्रयास किया जा रहा है।
सीएचसी अधीक्षक डॉ. नरेंद्र सरोज ने बताया कि फिलहाल जच्चा-बच्चा दोनों की हालत ठीक है। दोनों को आवश्यक उपचार और चिकित्सकीय देखभाल दी जा रही है। मामले की सूचना चाइल्ड केयर संस्था और संबंधित विभाग को भी दे दी गई है।
बहरहाल, सड़क किनारे प्रसव की इस घटना ने जहां स्वास्थ्य और सुरक्षा से जुड़े सवाल खड़े किए, वहीं स्थानीय युवाओं की मानवीय पहल ने मुश्किल घड़ी में इंसानियत की मिसाल भी पेश की। अब संबंधित विभाग के सामने महिला की पहचान और उसके परिजनों तक पहुंचने की चुनौती है।






