आनन्द कुमार चौबे (संवाददाता)
सोनभद्र । UPI ट्रांजेक्शन पर व्यापारियों से MDR शुल्क लिए जाने के विरोध में भारतीय उद्योग व्यापार मंडल ने आंदोलन का ऐलान किया है। इसी क्रम में 2 अक्टूबर, महात्मा गांधी जयंती के दिन व्यापारियों ने ‘नो यूपीआई डे’ मनाने का आह्वान किया है। इसके तहत व्यापारी एक दिन अपने प्रतिष्ठानों पर UPI के माध्यम से डिजिटल भुगतान स्वीकार नहीं करेंगे।
भारतीय उद्योग व्यापार मंडल की ओर से UPI पर MDR शुल्क के विरोध में ऑनलाइन राष्ट्रीय बैठक आयोजित की गई। बैठक में देश के 18 राज्यों के व्यापारी प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया। बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि MDR शुल्क वापस लिए जाने तक चरणबद्ध तरीके से विरोध जारी रखा जाएगा।
संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष बाबूलाल गुप्ता एवं राष्ट्रीय वरिष्ठ महामंत्री मुकुन्द मिश्रा के नेतृत्व में आंदोलन के प्रथम चरण में देशभर के व्यापारी प्रतिनिधियों के माध्यम से प्रधानमंत्री को संबोधित ज्ञापन सौंपे जाने की जानकारी दी गई।
जिलाध्यक्ष राजेश गुप्ता ने बताया कि “आंदोलन के दूसरे चरण में 2 अक्टूबर को सभी व्यापारी अपने-अपने प्रतिष्ठानों पर डिजिटल पेमेंट स्वीकार नहीं करेंगे। उन्होंने कहा कि यह विरोध शांतिपूर्ण होगा और केवल एक दिन के लिए किया जाएगा। इसके बाद आंदोलन की आगामी रणनीति केंद्रीय कोर कमेटी की बैठक में तय की जाएगी
व्यापारियों से ‘नो यूपीआई डे’ सफल बनाने की अपील –
उ0प्र0 उद्योग व्यापार मंडल ने जिले के व्यापारियों से 2 अक्टूबर को ऑनलाइन भुगतान स्वीकार न कर आंदोलन में सहयोग करने की अपील की है। संगठन ने ग्राहकों से भी व्यापारियों के इस विरोध में सहयोग करने का आग्रह किया है।
व्यापार मंडल का कहना है कि MDR शुल्क को लेकर व्यापारियों में असंतोष है और इसी के विरोध में चरणबद्ध आंदोलन किया जा रहा है। अब 2 अक्टूबर को प्रस्तावित ‘नो यूपीआई डे’ के जरिए व्यापारी अपनी आपत्ति दर्ज कराएंगे।






