आनन्द कुमार चौबे (संवाददाता)
सोनभद्र । जिले में अन्न भंडारण की क्षमता बढ़ाने की दिशा में बड़ी पहल शुरू हो गई है। उत्तर प्रदेश राज्य भंडारण निगम (एसडब्ल्यूसी) और सहकारिता विभाग की ओर से जिले में कुल 3.75 लाख क्विंटल क्षमता के सात अन्न भंडारण गोदाम बनाए जाएंगे। इनमें अकेले एसडब्ल्यूसी की ओर से दो लाख क्विंटल क्षमता का गोदाम तैयार कराया जाएगा, जबकि सहकारिता विभाग की ओर से 50 हजार क्विंटल क्षमता का एक तथा 25-25 हजार क्विंटल क्षमता के पांच गोदाम बनाए जाएंगे।
जिलाधिकारी चर्चित गौड़ के निर्देश पर गोदाम निर्माण की प्रक्रिया तेज कर दी गई है। सहकारिता विभाग के पहले अन्न भंडारण गोदाम के लिए सुकृत में 50 हजार क्विंटल क्षमता की जमीन चिह्नित कर ली गई है। जमीन हस्तांतरण की प्रक्रिया भी शुरू हो गई है। यह गोदाम बट बंतरा बी-पैक्स के अंतर्गत संचालित होगा। रॉबर्ट्सगंज तहसील प्रशासन और सहकारिता विभाग के अधिकारियों की मौजूदगी में पिछले सप्ताह जमीन का चिन्हांकन किया गया
जिले में पहली बार बी-पैक्स पर बनेगा अन्न भंडारण गोदाम –
जिले में वर्तमान में 64 बी-पैक्स समितियां संचालित हैं। लगभग सभी समितियों पर खाद वितरण के लिए गोदाम मौजूद हैं, लेकिन अन्न भंडारण के उद्देश्य से अभी तक किसी भी बी-पैक्स पर गोदाम का निर्माण नहीं हुआ है। ऐसे में सुकृत में बनने वाला 50 हजार क्विंटल क्षमता का गोदाम सहकारिता विभाग के लिए जिले का पहला और सबसे बड़ा अन्न भंडारण केंद्र होगा।
केंद्र सरकार की ओर से शुरू की गई विश्व की सबसे बड़ी अन्न भंडारण योजना के तहत साधन सहकारी समितियों (बी-पैक्स) को अन्न भंडारण केंद्र के रूप में विकसित करने की दिशा में यह कदम महत्वपूर्ण माना जा रहा है। योजना के तहत बनने वाले गोदामों से स्थानीय स्तर पर अनाज के सुरक्षित भंडारण की क्षमता बढ़ेगी और किसानों को भी इसका लाभ मिलने की उम्मीद है।
एफसीआई को किराये पर देने की तैयारी –
सुकृत में प्रस्तावित गोदाम के निर्माण के बाद इसे भारतीय खाद्य निगम (एफसीआई) को किराये पर देने की योजना है। इससे सहकारी समिति को नियमित आय का स्रोत मिलेगा, वहीं एफसीआई को अनाज भंडारण के लिए निजी गोदामों पर निर्भरता कम करने में मदद मिलेगी। वर्तमान में एफसीआई के पास रॉबर्ट्सगंज ब्लॉक के तिलौली में करीब 5.80 लाख क्विंटल क्षमता का गोदाम है। इसके अलावा तेंदू गांव में करीब 1.40 लाख क्विंटल क्षमता वाले गोदाम का इस्तेमाल एफसीआई निजी क्षेत्र से किराये पर लेकर कर रहा है।
शेष छह गोदामों के लिए जमीन की तलाश –
सुकृत में जमीन चिह्नित होने के बाद अब शेष प्रस्तावित गोदामों के लिए जमीन की तलाश की जा रही है। एसडब्ल्यूसी और सहकारिता विभाग की योजनाएं पूरी होने के बाद जिले की भंडारण क्षमता में उल्लेखनीय इजाफा होगा। इससे सरकारी खरीद के दौरान अनाज के सुरक्षित भंडारण की व्यवस्था मजबूत होने के साथ-साथ एफसीआई और अन्य सरकारी एजेंसियों को भी अतिरिक्त भंडारण सुविधा उपलब्ध हो सकेगी।






