आनन्द कुमार चौबे (संवाददाता)
सोनभद्र । प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के तहत गरीब परिवारों को रसोई गैस के खर्च से राहत देने के लिए वित्तीय वर्ष 2026-27 में दो निःशुल्क एलपीजी सिलेंडर रिफिल उपलब्ध कराने की योजना को लेकर प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। योजना का लाभ पात्र उपभोक्ताओं तक पहुंचाने में कोई लापरवाही न हो, इसके लिए जिला प्रशासन ने गैस एजेंसियों और संबंधित विभागों को सक्रिय कर दिया है। प्रशासन का जोर इस बात पर है कि आधार सीडिंग, ई-केवाईसी और सत्यापन की प्रक्रिया पूरी होने के अभाव में कोई भी पात्र परिवार सरकारी सुविधा से वंचित न रह जाए।
इसी क्रम में अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) वागीश कुमार शुक्ला की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में जनपद स्तरीय समिति की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में उज्ज्वला योजना के लाभार्थियों को दो निःशुल्क गैस सिलेंडर रिफिल उपलब्ध कराने की व्यवस्था, तेल विपणन कंपनियों के साथ समन्वय और उपभोक्ताओं को भुगतान प्रतिपूर्ति में आने वाली समस्याओं के समाधान पर विस्तार से चर्चा की गई।
पात्र लाभार्थियों का होगा शत-प्रतिशत सत्यापन –
अपर जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के अंतर्गत पंजीकृत सभी लाभार्थियों का शत-प्रतिशत भौतिक सत्यापन कराया जाए। साथ ही लाभार्थियों के बैंक खातों की आधार सीडिंग और ई-केवाईसी की स्थिति तत्काल अद्यतन कराई जाए, ताकि योजना का लाभ हस्तांतरित करने में किसी प्रकार की तकनीकी बाधा उत्पन्न न हो। उन्होंने निष्क्रिय लाभार्थियों और निष्क्रिय बैंक खातों की पहचान कर उनकी सूची भी अपडेट करने के निर्देश दिए।
गांवों तक समय से पहुंचे गैस सिलेंडर –
बैठक में दूरस्थ और ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले उपभोक्ताओं की सुविधा पर विशेष जोर दिया गया। एडीएम ने गैस एजेंसियों को निर्देशित किया कि लाभार्थियों तक निर्धारित समय में एलपीजी सिलेंडरों की होम डिलीवरी सुनिश्चित की जाए। इसके साथ ही सभी लाभार्थियों का बायोमेट्रिक सत्यापन पूरा कराने के लिए गैस एजेंसियों के प्रोपराइटर और प्रबंधकों को आवश्यक कार्रवाई करने को कहा गया।
योजना की पात्रता और प्रक्रिया का होगा प्रचार-प्रसार –
अपर जिलाधिकारी वागीश कुमार शुक्ला ने कहा कि “लाभार्थियों को निःशुल्क सिलेंडर रिफिल प्राप्त करने की प्रक्रिया, निर्धारित तिथियों और पात्रता संबंधी शर्तों की स्पष्ट जानकारी दी जाए। इसके लिए व्यापक प्रचार-प्रसार कराया जाए, ताकि जानकारी के अभाव में कोई पात्र उपभोक्ता योजना के लाभ से वंचित न रहे। उन्होंने संबंधित अधिकारियों और तेल विपणन कंपनियों के प्रतिनिधियों को आपसी समन्वय बनाकर योजना का पारदर्शी एवं समयबद्ध क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।”
बैठक में जिला पूर्ति अधिकारी, लीड बैंक मैनेजर, वरिष्ठ निरीक्षक विधिक माप-विज्ञान, समस्त पूर्ति निरीक्षक तथा इंडियन ऑयल, भारत पेट्रोलियम और हिंदुस्तान पेट्रोलियम के विक्रय प्रबंधक उपस्थित रहे।
Author: Anand Kumar Chaubey
9 years experience in Journalism....






