उत्तर प्रदेश में बदलते मौसम, अतिवृष्टि और आकस्मिक बाढ़ की आशंका को देखते हुए राज्य सरकार पूरी तरह अलर्ट हो गई है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश के संबंधित जिलाधिकारियों को विशेष सतर्कता बरतने, फील्ड में उतरकर निगरानी करने और रेड अलर्ट वाले जिलों में तत्काल प्रभाव से स्कूल बंद रखने का आदेश जारी किया है। इसके साथ ही वरिष्ठ अधिकारियों को आकाशीय बिजली व अतिवृष्टि से हुई जन-धन की क्षति का तत्काल आकलन कर प्रभावित परिवारों को 24 घंटे के भीतर आर्थिक व अन्य हरसंभव सहायता उपलब्ध कराने के कड़े निर्देश दिए गए हैं। मुख्यमंत्री ने जीर्ण-शीर्ण मकानों व झोपड़ियों में रहने वाले लोगों को सुरक्षित राहत शिविरों में पहुँचाने की हिदायत दी है। प्रशासन ने आमजन से अपील की है कि मौसम खराब रहने के दौरान अनावश्यक रूप से घरों से बाहर न निकलें और नदियों या जलाशयों के पास जाने से बचें।
इससे पूर्व राहत आयुक्त डॉ. हृषिकेश भास्कर यशोद ने रेड और ऑरेंज अलर्ट जारी किए गए जिलों के अधिकारियों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए समीक्षा बैठक कर तैयारियों का जायजा लिया। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के पूर्वानुमान के अनुसार, प्रदेश में 27 सितंबर तक मौसम का प्रभाव बना रहेगा, जिसमें पूर्वी उत्तर प्रदेश में 25 से 27 सितंबर के मध्य भारी से बहुत भारी बारिश, तेज हवाएँ और वज्रपात होने की संभावना जताई गई है। राहत आयुक्त ने जिलाधिकारियों को पब्लिक एड्रेस सिस्टम और स्थानीय संचार माध्यमों से मौसम की चेतावनियों का व्यापक प्रचार-प्रसार करने का निर्देश दिया है। लखीमपुर खीरी, सीतापुर, सिद्धार्थनगर, गोंडा, बलरामपुर, श्रावस्ती, बहराइच, रामपुर, बरेली, पीलीभीत और शाहजहांपुर जैसे रेड अलर्ट वाले जनपदों सहित लखनऊ, प्रयागराज, अयोध्या व मुरादाबाद मंडल के ऑरेंज अलर्ट वाले क्षेत्रों में प्रशासनिक अमला पूरी तरह सक्रिय और सतर्क है।
Author: AJEET KUMAR SINGH
अजीत कुमार सिंह, नव हिंद समाचार (न्यूज़ एजेंसी) के उत्तर प्रदेश स्टेट हेड के रूप में कार्यरत्त हैं, जिनके पास पत्रकारिता का 3 साल का अनुभव है। अपनी तीव्र रिपोर्टिंग, रणनीतिक सोच और फील्ड वर्क में महारत के साथ, वह उत्तर प्रदेश में एजेंसी को प्रभावी ढंग से संभाल रहे हैं। अजीत जमीनी स्तर के मुद्दों को प्रमुखता से उठाने और निष्पक्ष पत्रकारिता के माध्यम से समाज में बदलाव लाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।"






