लखनऊ। उत्तर प्रदेश में पिछले तीन दिनों से जारी आंधी और बारिश ने जेठ की तपती गर्मी को पूरी तरह से काफूर कर दिया है। मंगलवार को प्रदेश के अधिकांश जिलों में अधिकतम तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई, जिससे दिन भर ठंडक का एहसास बना रहा। मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार, बाराबंकी 27.5 डिग्री सेल्सियस के साथ प्रदेश का सबसे ठंडा जिला रहा, जहाँ तापमान सामान्य से 11 डिग्री कम दर्ज हुआ। राजधानी लखनऊ में भी मौसम ने करवट बदली और यहाँ अधिकतम तापमान 28 डिग्री सेल्सियस रहा, जो मापन के इतिहास में मई के महीने का दूसरा सबसे ठंडा दिन दर्ज किया गया। इससे पहले साल 2021 में मई माह में इतना कम तापमान देखा गया था। आगरा और कानपुर जैसे शहरों में भी पारा सामान्य से काफी नीचे लुढ़क गया है, जिससे लोगों को भीषण लू से बड़ी राहत मिली है।
बारिश के आंकड़ों पर गौर करें तो बाराबंकी का फतेहपुर 72 मिमी वर्षा के साथ शीर्ष पर रहा, जबकि सिद्धार्थनगर और अंबेडकर नगर में भी भारी बारिश दर्ज की गई। बारिश के साथ-साथ प्रदेश के कई हिस्सों में 85 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं और अंधड़ भी चला। आंचलिक मौसम विज्ञान केंद्र के वरिष्ठ वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह के अनुसार, नए पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से आगामी 7 मई तक मौसम में उतार-चढ़ाव बना रहेगा। विभाग ने बुधवार के लिए भी प्रदेश के 45 जिलों में गरज-चमक के साथ तेज हवाओं और बूंदाबांदी का अलर्ट जारी किया है। हालांकि, बृहस्पतिवार से बारिश का दायरा सिमटने लगेगा और मौसम साफ होने के बाद अगले एक सप्ताह में तापमान में फिर से 7 डिग्री तक की बढ़ोतरी होने की संभावना है। फिलहाल, इस बेमौसम बरसात ने आम जनजीवन को भीषण गर्मी से बड़ी राहत पहुंचाई है।
Author: AJEET KUMAR SINGH
अजीत कुमार सिंह, नव हिंद समाचार (न्यूज़ एजेंसी) के उत्तर प्रदेश स्टेट हेड के रूप में कार्यरत्त हैं, जिनके पास पत्रकारिता का 2 साल का अनुभव है। अपनी तीव्र रिपोर्टिंग, रणनीतिक सोच और फील्ड वर्क में महारत के साथ, वह उत्तर प्रदेश में एजेंसी को प्रभावी ढंग से संभाल रहे हैं। अजीत जमीनी स्तर के मुद्दों को प्रमुखता से उठाने और निष्पक्ष पत्रकारिता के माध्यम से समाज में बदलाव लाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।"





