आनन्द कुमार चौबे (संवाददाता)
• पीएम सूर्य घर योजना और मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजना में तेजी लाने के निर्देश
सोनभद्र । सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन में लापरवाही और जनशिकायतों के निस्तारण में हीलाहवाली अब अधिकारियों पर भारी पड़ सकती है। विकास कार्यों की प्रगति को लेकर मुख्य विकास अधिकारी जागृति अवस्थी ने सख्त रुख अपनाते हुए स्पष्ट किया कि शासन से निर्धारित लक्ष्यों को तय समयसीमा में शत-प्रतिशत पूरा करना सुनिश्चित किया जाए। वहीं, आईजीआरएस पोर्टल पर प्राप्त शिकायतों के निस्तारण में गुणवत्ता की अनदेखी करने और असंतुष्ट फीडबैक मिलने पर संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
मुख्य विकास अधिकारी ने शुक्रवार को कलेक्ट्रेट सभागार में नवीन व्यवस्था के तहत सीएम डैशबोर्ड के माध्यम से विभिन्न विकास कार्यों की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने विभागवार योजनाओं की प्रगति का जायजा लेते हुए अधिकारियों को निर्धारित लक्ष्यों को समयबद्ध ढंग से पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि विकास कार्यों, लाभार्थीपरक योजनाओं और जनकल्याणकारी कार्यक्रमों के क्रियान्वयन में तेजी लाई जाए, ताकि पात्र लाभार्थियों को समय से योजनाओं का लाभ मिल सके।
पीएम सूर्य घर योजना में बैंकों की भूमिका अहम –
समीक्षा बैठक में पीएम सूर्य घर योजना की प्रगति पर चर्चा करते हुए सीडीओ ने निर्देश दिया कि योजना के लाभार्थियों को बैंक के माध्यम से सब्सिडी सहित अन्य निर्धारित सुविधाएं उपलब्ध कराने की प्रक्रिया प्रभावी ढंग से पूरी की जाए। उन्होंने अग्रणी जिला प्रबंधक (एलडीएम) को निर्देशित किया कि योजना के तहत निर्धारित लक्ष्यों को शत-प्रतिशत पूरा कराने के लिए बैंकों के स्तर पर लंबित प्रकरणों का प्राथमिकता से निस्तारण सुनिश्चित किया जाए।
युवा उद्यमियों की पत्रावलियों का प्राथमिकता से हो निस्तारण –
मुख्यमंत्री युवा उद्यमी योजना की समीक्षा करते हुए सीडीओ ने उपायुक्त उद्योग और एलडीएम को लाभार्थियों की पत्रावलियों का प्राथमिकता के आधार पर निस्तारण करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि पात्र लाभार्थियों को योजना का लाभ दिलाने में अनावश्यक देरी नहीं होनी चाहिए। इसके लिए संबंधित विभाग और बैंक आपसी समन्वय के साथ कार्य करें।
आईजीआरएस शिकायतों में लापरवाही पर होगी कार्यवाही –
आईजीआरएस पोर्टल पर प्राप्त शिकायतों के निस्तारण की समीक्षा के दौरान सीडीओ ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिया कि प्रत्येक शिकायत का समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि केवल शिकायतों का निस्तारण दर्ज कर देना पर्याप्त नहीं है, बल्कि शिकायतकर्ता की समस्या का वास्तविक समाधान भी होना चाहिए। जिन अधिकारियों के निस्तारण पर लगातार असंतुष्ट फीडबैक प्राप्त हो रहा है, उनके विरुद्ध कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
सीडीओ ने कहा कि विकास कार्यों और जनकल्याणकारी योजनाओं की प्रगति में किसी भी प्रकार की शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। निर्धारित लक्ष्यों को समयसीमा में पूरा नहीं करने वाले अधिकारियों की जिम्मेदारी तय की जाएगी। जरूरत पड़ने पर संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध विभागीय कार्रवाई के लिए उच्चाधिकारियों को पत्राचार भी किया जाएगा।
बैठक में जिला विकास अधिकारी हेमंत कुमार सिंह, जिला विद्यालय निरीक्षक जय राम सिंह, डीसी मनरेगा रवींद्र वीर सिंह, अपर जिला सूचना अधिकारी विनय कुमार सिंह, परियोजना निदेशक डीआरडीए एसके राय सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
Author: Anand Kumar Chaubey
9 years experience in Journalism....






