आनन्द कुमार चौबे (संवाददाता)
• हनुमान प्रतिमा को क्षतिग्रस्त करने का प्रयास, घटना से ग्रामीणों में आक्रोश
सोनभद्र । घोरावल कोतवाली क्षेत्र के मुड़िलाडीह (पठकागांव) स्थित करीब दो सौ वर्ष पुराने शिव मंदिर में शनिवार की रात अराजक तत्वों ने सेंध लगाकर धार्मिक आस्था को ठेस पहुंचाई। मंदिर से प्राचीन शिवलिंग, गणेश जी की स्फटिक मूर्ति, माता पार्वती की स्फटिक मूर्ति और बड़ा पीतल का घंटा गायब कर दिया गया। इतना ही नहीं, मंदिर में स्थापित प्राचीन हनुमान जी की प्रतिमा को भी क्षतिग्रस्त करने का प्रयास किया गया। प्रतिमा पर प्रहार के निशान मिले हैं।
रविवार की सुबह मंदिर से प्राचीन मूर्तियाँ और घंटा गायब होने की जानकारी मिलते ही गांव में हड़कंप मच गया। देखते ही देखते बड़ी संख्या में ग्रामीण मंदिर परिसर में एकत्र हो गए। घटना की सूचना पुलिस को दी गई, जिसके बाद पुलिस ने मौके पर पहुंचकर मामले की जानकारी ली और जांच शुरू की।
मुड़िलाडीह गांव निवासी जनार्दन पाठक ने बताया कि “सुबह मंदिर में पूजा-अर्चना के लिए पहुंचे लोगों को मूर्तियां और घंटा गायब होने की जानकारी हुई। इसके बाद ग्रामीणों ने मौके पर पहुंचकर स्थिति देखी। उन्होंने कहा कि करीब दो सौ वर्ष पुराने मंदिर में इस तरह की घटना से ग्रामीणों में भारी आक्रोश है।”
मंदिर के पुजारी जितेंद्र ने बताया कि “मंदिर बेहद प्राचीन है और यहां इस तरह की घटना पहली बार हुई है। मंदिर से शिवलिंग और अन्य प्राचीन मूर्तियों का गायब होना तथा हनुमान जी की प्रतिमा को क्षतिग्रस्त करने का प्रयास गंभीर चिंता का विषय है।”
घटना के बाद ग्रामीणों में पुलिस कार्यवाही को लेकर भी आक्रोश देखा गया। समाचार लिखे जाने तक ग्रामीण मंदिर परिसर में डटे हुए थे। ग्रामीणों का कहना था कि जब तक मंदिर से गायब प्राचीन मूर्तियां व अन्य सामान बरामद नहीं हो जाता और घटना में शामिल आरोपितों को गिरफ्तार नहीं किया जाता, तब तक वे मौके से नहीं हटेंगे।
फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी है। प्राचीन धार्मिक स्थल से मूर्तियों के गायब होने और प्रतिमा को क्षतिग्रस्त करने के प्रयास ने सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। ग्रामीणों ने जल्द से जल्द घटना का खुलासा कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्यवाही की मांग की है।






