आनन्द कुमार चौबे (संवाददाता)
सोनभद्र । पेंशनरों को जीवन प्रमाण-पत्र जमा करने के लिए अब कोषागार के चक्कर लगाने की जरूरत नहीं पड़ेगी। डिजिटल व्यवस्था के जरिए वे घर बैठे अपने मोबाइल से ऑनलाइन जीवन प्रमाण-पत्र जमा कर सकेंगे। इसके लिए परिवार के किसी सदस्य के मोबाइल, ऑनलाइन पोर्टल, जन सुविधा केंद्र, कंप्यूटर सेंटर अथवा साइबर कैफे की मदद ली जा सकती है। पेंशनरों को इस सुविधा का लाभ दिलाने के लिए जिलाधिकारी चर्चित गौड़ ने संबंधित अधिकारियों को हेल्प डेस्क स्थापित करने और डिजिटल जीवन प्रमाण-पत्र के संबंध में व्यापक प्रचार-प्रसार कराने के निर्देश दिए हैं।
जिलाधिकारी चर्चित गोंड ने बताया कि मुख्य सचिव, उत्तर प्रदेश शासन की अध्यक्षता में 14 अक्टूबर 2026 को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से राष्ट्रीय डिजिटल जीवन प्रमाण-पत्र अभियान-5 नवंबर 2026 के संबंध में समीक्षा बैठक आयोजित की गई थी। बैठक में पेंशनरों को डिजिटल जीवन प्रमाण-पत्र प्रस्तुत करने की प्रक्रिया के प्रति जागरूक करने और उनकी सुविधा के लिए हेल्प डेस्क स्थापित करने पर जोर दिया गया।
मोबाइल एप और जन सुविधा केंद्र से मिलेगी सुविधा –
पेंशनर स्वयं अथवा परिवार के किसी सदस्य के मोबाइल एप या पोर्टल के माध्यम से अपना डिजिटल जीवन प्रमाण-पत्र ऑनलाइन जमा कर सकते हैं। इसके अलावा नजदीकी जन सुविधा केंद्र, कंप्यूटर सेंटर या साइबर कैफे की मदद से भी यह प्रक्रिया पूरी की जा सकती है। इससे विशेष रूप से उन बुजुर्ग पेंशनरों को राहत मिलेगी, जिन्हें जीवन प्रमाण-पत्र जमा करने के लिए कोषागार तक पहुंचने में परेशानी होती है।
डिजिटल जीवन प्रमाण-पत्र जमा करने की प्रक्रिया से संबंधित मानक संचालन प्रक्रिया एनआईसी की वेबसाइट पर उपलब्ध कराई गई है। पेंशनर इसे sonbhadra.nic.in से डाउनलोड कर सकते हैं। इसके अतिरिक्त कोषागार, सोनभद्र से भी एसओपी प्राप्त की जा सकती है।
हेल्प डेस्क के जरिए पेंशनरों की होगी मदद –
जिलाधिकारी चर्चित गौड़ ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया है कि “पेंशनरों की सहायता के लिए हेल्प डेस्क की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए साथ ही इस सुविधा का व्यापक प्रचार-प्रसार कराया जाए, ताकि अधिक से अधिक पेंशनर डिजिटल माध्यम से अपना जीवन प्रमाण-पत्र जमा कर सकें।”
Author: Anand Kumar Chaubey
9 years experience in Journalism....





