हर्षवर्धन, सोनभद्र। संदीप तिवारी उर्फ सूर्यकान्त तिवारी, निवासी ग्राम पड़री कला, थाना पन्नूगंज, जनपद सोनभद्र द्वारा पुलिस अधीक्षक कार्यालय में रजिस्टर्ड डाक के माध्यम से एक प्रार्थना पत्र प्रस्तुत किया गया। प्रार्थी ने आरोप लगाया है कि थाना सदर कोतवाली रॉबर्ट्सगंज में तैनात पीआरडी भागमती सिंह एवं होमगार्ड जय प्रकाश यादव पीआरबी 112 थाना रायपुर एवं राजकुमार मौर्या सपा नेता द्वारा संगठित रैकेट चलाकर शादी का झांसा देकर उस पर नाजायज दबाव बनाया जा रहा है तथा विवाह न करने पर फर्जी मुकदमे में फंसाने की धमकी दी जा रही है पीड़ित के अनुसार फरवरी 2026 में होमगार्ड जय प्रकाश यादव ने मुण्डेश्वरी देवी, बिहार ले जाने के बहाने प्रार्थी के वाहन में महिला पीआरडी सहित साथ करमा क्षेत्र की पुष्पा नाम की एक लड़की को बैठाया गया बाद में पीआरडी भागमती सिंह एवं जय प्रकाश यादव द्वारा उक्त लड़की पुष्पा से विवाह करने हेतु दबाव बनाया गया।उक्त लड़की के विषय में खोजबीन करने पर जांच में पाया गया कि लड़की पुष्पा, पुत्री परमेश्वर पटेल, निवासी जोगीनी बैडाढ़, थाना करमा तो कभी पन्नूगंज थाना क्षेत्र चतरा की रहने वाली बताती है जिसका पूर्व कई लोग से झांसा में फंसा कर विवाह कर उन लड़कों को छोड़ दिया गया लड़की का पेसा है भोले भाले लड़कों को फंसा कर शादी करना फिर लड़कों को छोड़ना फिर दूसरे लड़कों को ब्लैकमेल कर फसाना इतना पैसा वसुली ही नहीं पीड़ित का आरोप है कि भागमती सिंह उक्त लड़की जिसका नाम पुष्पा है उसे अपने पास किस अधिकार व हक से रखी है जो कि दोनों का जाति अलग है अलग अलग थाना की रहने वाली है पीआरडी महिला द्वारा पुष्पा नामक लड़की से भोले भाले लड़कों को फंसा कर रैकेट के माध्यम से अवैध लाभ लेती है। फिर दूसरे लड़कों को ब्लैकमेल करवाती है दिनांक 28.04.2026 को थाना पन्नूगंज पर प्रार्थी डर से से जबरन समझौता लिखवाया गया कि वह 10 दिन में विवाह करेगा*मामले के गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक से कार्रवाई की अपेक्षा*पुलिस अधीक्षक अभिषेक वर्मा को मामले को अत्यंत गंभीरता से लेते हुए तत्काल जांच के आदेश दिए जाने की संभावना हैं। प्रकरण की निष्पक्ष जांच हेतु क्षेत्राधिकारी सदर राज को जांच अधिकारी नामित किया जाना चाहिए जांच में यदि पीआरडी, होमगार्ड या किसी भी होमगार्ड या अन्य ब्यक्ति की संलिप्तता पाई जाती है तो संबंधित के विरुद्ध कठोर विभागीय एवं वैधानिक कार्यवाही अमल में लाई जाए। जिससे कि, किसी भी निर्दोष व्यक्ति को परेशान नहीं किया जा सके।जनपद पुलिस द्वारा नागरिकों को आश्वस्त किया गया कि इस प्रकार के रैकेट में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। अब देखना यह है कि उक्त प्रकरण को देखते हुए तेज तर्राक पुलिस अधीक्षक से पीड़ित संदीप तिवारी के मामले में क्या कदम उठाते है।
Author: Vinod Garg
2 years experience in the field of journalism.





