UP: देशभर में आतंकी वारदातों को अंजाम देने की साजिश रचने के मामले में बड़ा खुलासा हुआ है। मेरठ का आकिब दुबई में बैठकर मॉड्यूल को ऑपरेट कर रहा है। आकिब ने ही साकिब का संपर्क सोशल मीडिया के जरिये पाकिस्तानी हैंडलर्स से कराया था। अंदेशा है कि आकिब ने देश में इस तरह के कई मॉड्यूल तैयार किए हैं, जिनकों देश के खिलाफ भड़काता है। ताकि, वह देश विरोधी गतिविधियों को अंजाम देकर विद्रोह करें।
यूपी एटीएस ने बृहस्पतिवार को मेरठ के साकिब उर्फ डेविल, अरबाब, गौतमबुद्धनगर के विकास उर्फ रौनक और लोकेश उर्फ पपला पंडित को गिरफ्तार किया था। ये सभी लखनऊ रेलवे स्टेशन पर विस्फोट करने की साजिश रचकर उसको अंजाम देने पहुंचे थे।
एफआईआर में आकिब का नाम भी शामिल
एडीजी कानून-व्यवस्था अमिताभ यश ने बताया कि आरोपी साकिब का कनेक्शन मेरठ के ही रहने वाले आकिब से है। आकिब लंबे समय से दुबई में है। उसी ने साकिब को सोशल मीडिया (इंस्टाग्राम व टेलीग्राम) के जरिये पाकिस्तानी हैंडलर्स से संपर्क कराया था। उसके बाद साकिब सीधे हैंडलर्स से बात कर उनको जानकारियां उपलब्ध करवा रहा था। एफआईआर में आकिब का नाम भी शामिल किया गया है।
आकिब को मॉड्यूल तैयार करने की जिम्मेदारी
सूत्रों के मुताबिक, आकिब पाकिस्तान के बड़े हैंडलर्स के संपर्क में है। जिसकी जिम्मेदारी भारत में इस तरह के मॉड्यूल तैयार करना है। उसके जरिये और कौन कौन लोग हैंडलर्स से जुड़े? वह कहां के हैं? इन पहलुओं पर अब एटीएस की तरफ्तीश चल रही है। वह पकड़ा न जाए इसलिए दुबई को ठिकाना बनाए हुए हैं। सोशल मीडिया के जरिये ही ऑपरेट कर रहा है। अब उस पर शिकंजा कसेगा। एटीएस के पास उसके बारे में पूरी जानकारी है।
एके-47 के साथ फोटो, यहीं से लगा सुराग
एडीजी एलओ के मुताबिक आकिब ने अपने सोशल मीडिया में हथियारों के साथ फोटो डाली हैं। कई फोटो में एके-47 भी है उसके पास। इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि आकिब पाकिस्तान के बड़े आतंकी संगठन के संपर्क में है। सूत्रों के मुताबिक सोशल मीडिया की इन्हीं तस्वीरों के आधार पर जांच एजेंसी ने तफ्तीश शुरू की थी। जिसके जरिये मॉड्यूल का खुलासा हुआ।
अब उगलेंगे राज
आरोपी शनिवार को कोर्ट में पेश किए गए। एटीएस ने उनकी कस्टडी रिमांड मांगी। कोर्ट ने पांच दिन की रिमांड मंजूर कर दी है। एटीएस की टीम आरोपियों से पूछताछ शुरू कर दी है। पूछताछ में आरोपी राज उगलेंगे। मॉड्यूल में और कौन कौन लोग शामिल हैं और कौन कौन सी वारदातों को अंजाम देने की साजिश थी, इन सभी सवालों के जवाब एटीएस उनसे पता करेगी।



