
सोनभद्र। औद्योगिक नगरी सोनभद्र के लिए एक बड़ी खुशखबरी है। म्योरपुर में पूर्वांचल के तीसरे सबसे बड़े एयरपोर्ट के निर्माण का रास्ता साफ हो गया है। उत्तर प्रदेश शासन ने निर्माण कार्य को गति देने के लिए 23 करोड़ रुपयेका बजट जारी कर दिया है। इसी महीने से निर्माण कार्य शुरू होने की प्रबल संभावना है।
आजमगढ़ एयरपोर्ट की तर्ज पर होगा विकास
म्योरपुर एयरपोर्ट का निर्माण पूरी तरह से आजमगढ़ एयरपोर्ट के मॉडल पर किया जाएगा। यहाँ से **क्षेत्रीय (Regional) और नॉन-कनेक्टिंग विमानों का संचालन होगा, जिससे जिले की एयर कनेक्टिविटी बेहतर होगी।
प्रोजेक्ट की मुख्य विशेषताएं:
कुल भूमि: लगभग 70 एकड़।
रनवे की लंबाई: 2000 मीटर।
निगरानी: वाराणसी एयरपोर्ट के अधिकारियों की देखरेख में होगा काम।
सुविधाएं: छोटा टर्मिनल भवन, वीआईपी लाउंज, अत्याधुनिक पार्किंग और चेक-इन काउंटर।
लगेज सिस्टम: यात्रियों की सुविधा के लिए आगमन हॉल में विशेष ‘कन्वेयर सिस्टम’ लगाया जाएगा।
हाईकोर्ट से स्टे हटने के बाद बढ़ी रफ्तार म्योरपुर एयरपोर्ट का काम साल 2022 से ही प्रक्रिया में था, लेकिन पार्किंग की जमीन को लेकर हुए विवाद के कारण इस पर स्टे लग गया था। दिसंबर 2025 में हाईकोर्ट ने विवादित जमीन से स्टे हटा लिया, जिससे प्रोजेक्ट में आ रही कानूनी अड़चनें दूर हो गईं। वर्तमान में कागजी औपचारिकताएं तेजी से पूरी की जा रही हैं ताकि निर्माण कार्य जल्द शुरू किया जा सके।
सोनभद्र के विकास को लगेंगे पंख
वाराणसी और कुशीनगर के बाद यह पूर्वांचल का एक महत्वपूर्ण हवाई अड्डा होगा। इसके बनने से न केवल स्थानीय लोगों को यात्रा में सुविधा होगी, बल्कि सोनभद्र के औद्योगिक और पर्यटन क्षेत्र को भी नई ऊंचाई मिलेगी। शासन द्वारा बजट जारी होने के बाद अब जिला प्रशासन और संबंधित विभाग युद्ध स्तर पर तैयारियों में जुट गए हैं।
Author: Vinod Garg
2 years experience in the field of journalism.




