लखनऊ: उत्तर प्रदेश में पेट्रोल, डीजल और एलपीजी की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करने और अवैध भंडारण पर अंकुश लगाने के लिए राज्य सरकार ‘एक्शन मोड’ में नजर आ रही है। मुख्य सचिव के कड़े निर्देशों के बाद प्रदेश भर में चलाए गए विशेष अभियान के तहत अब तक 17,581 छापेमारी और निरीक्षण किए जा चुके हैं।
कार्रवाई का लेखा-जोखा: गिरफ्तारियां और FIR
प्रशासनिक सतर्कता के चलते नियम विरुद्ध कार्य करने वालों पर गाज गिरी है:
- कुल मुकदमे: 224 लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की गई है।
- FIR और गिरफ्तारियां: विभिन्न मामलों में 189 एफआईआर दर्ज कर 17 लोगों को गिरफ्तार किया गया है।
- एलपीजी वितरकों पर शिकंजा: गैस वितरण में अनियमितता बरतने वाले वितरकों के खिलाफ 33 एफआईआर दर्ज की गई हैं।
ईंधन का पर्याप्त स्टॉक: “घबराने की जरूरत नहीं”
सरकार ने स्पष्ट किया है कि प्रदेश में ईंधन की कोई कमी नहीं है और आपूर्ति पूरी तरह सामान्य है। आंकड़ों के अनुसार
- पेट्रोल पंप: प्रदेश में कुल 12,888 पेट्रोल पंप संचालित हैं।
- उपलब्ध स्टॉक: वर्तमान में 91 हजार किलोलीटर पेट्रोल और 1.15 लाख किलोलीटर डीजल का बफर स्टॉक मौजूद है।
- प्रशासन ने जनता से अपील की है कि वे किसी भी तरह की अफवाह पर ध्यान न दें और पैनिक होकर ईंधन का अनावश्यक भंडारण (Hoarding) न करें।
LPG आपूर्ति को लेकर बड़ी राहत
एलपीजी उपभोक्ताओं के लिए भी राहत भरी खबर है। केंद्र सरकार ने 23 मार्च से वाणिज्यिक (Commercial) एलपीजी सिलेंडरों के कोटे में 20 प्रतिशत अतिरिक्त आवंटन की अनुमति दे दी है। इसके साथ ही सरकार सिटी गैस डिस्ट्रीब्यूशन (CGD) नेटवर्क के विस्तार पर भी तेजी से काम कर रही है, ताकि पाइपलाइन के जरिए गैस की आपूर्ति को और सुदृढ़ किया जा सके।
प्रशासन की पैनी नजर
जिला पूर्ति अधिकारियों (DSO) और स्थानीय प्रशासन को फील्ड में लगातार सक्रिय रहने के निर्देश दिए गए हैं। छापेमारी का यह सिलसिला आगे भी जारी रहेगा ताकि उपभोक्ताओं को निर्धारित दर पर और समय से गैस सिलेंडर व पेट्रोल-डीजल उपलब्ध हो सके।
Author: AJEET KUMAR SINGH
अजीत कुमार सिंह, नव हिंद समाचार (न्यूज़ एजेंसी) के उत्तर प्रदेश स्टेट हेड के रूप में कार्यरत्त हैं, जिनके पास पत्रकारिता का 2 साल का अनुभव है। अपनी तीव्र रिपोर्टिंग, रणनीतिक सोच और फील्ड वर्क में महारत के साथ, वह उत्तर प्रदेश में एजेंसी को प्रभावी ढंग से संभाल रहे हैं। अजीत जमीनी स्तर के मुद्दों को प्रमुखता से उठाने और निष्पक्ष पत्रकारिता के माध्यम से समाज में बदलाव लाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।"






